पश्चिम मध्य प्रदेश में सितम्बर महीने के आखिर में जो झमाझम बारिश हो रही है, उससे किसान खुश है साथ ही कुछ किसानो को भारी मुश्किल का सामना करना पढ़ रहा है।
सोयाबीन की फसल किसी की खेतों में पड़ी है, किसी की तैयार होने के बाद भंडारण नहीं हुआ, मेरी सोयाबीन को बारिश से बचाने के लिए बुल्डोचर से इकट्ठा करना पड़ा।