जब तुम मेरे आस पास नहीं होती,
कोई खुशबू नहीं होती
जीवन में रस नहीं होता,
कोई बात बात नहीं होती ....
मैं जब पत्थरो को तोड़ कर
ईमारते बनाता हूँ ,
वो बस एक ढ़ाचां होता है,
कोई उसकी सूरत नहीं होती,
तुम नारी ही नहीं
शक्ति ही नहीं
खुशबू ही नहीं
इस बीज की जान हो,
असाहे संसार में जीवन हो,
तुम ना होती तो माँ नहीं होती,
माँ नहीं होती तो दुनिया नहीं होती...
#DedicatedToHer
©pranshutyagi